भाजपा सरकार के मंत्री, सांसद और विधायक भ्रष्टाचार में डूबे : डॉ. सीपी राय

लखनऊ : उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के मीडिया विभाग के चेयरमैन और पूर्व मंत्री डॉ. सीपी राय ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए मंत्रियों, सांसदों और विधायकों की संपत्तियों की जांच कराने की मांग की है। शुक्रवार को प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के जनप्रतिनिधि भ्रष्टाचार में आकंठ डूबे हुए हैं और जनता का ध्यान भटकाने के लिए विपक्ष को निशाना बनाया जा रहा है।

प्रेसवार्ता में जिला कांग्रेस कमेटी लखनऊ के अध्यक्ष रूद्र दमन सिंह बबलू और शहर कांग्रेस कमेटी उत्तरी के अध्यक्ष अमित श्रीवास्तव त्यागी भी मौजूद रहे।

अजय राय की छवि खराब करने का आरोप

डॉ. सीपी राय ने कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय लगातार प्रदेश में होने वाली आपराधिक और दुःखद घटनाओं में पीड़ित परिवारों से मिलने पहुंचते रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि हाल ही में महोबा में दलित छात्रा के अपहरण और दुष्कर्म की घटना में सरकार का कोई प्रतिनिधि पीड़िता के घर नहीं पहुंचा, लेकिन जब अजय राय पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे थे तो प्रशासन ने उन्हें रोकने की कोशिश की।

उन्होंने कहा कि इसके बाद भाजपा सरकार ने अजय राय की छवि खराब करने के लिए एआई जनरेटेड वीडियो का सहारा लिया और उनके खिलाफ फर्जी मुकदमा दर्ज कराया गया। डॉ. राय ने आरोप लगाया कि भाजपा नेता लगातार प्रेसवार्ताएं कर अजय राय की संपत्ति की जांच की मांग उठा रहे हैं और उनकी स्वच्छ छवि को धूमिल करने की साजिश रच रहे हैं।

भाजपा पर चंदा वसूली का आरोप

कांग्रेस नेता ने कहा कि भाजपा सरकार “काम लो-चंदा दो” की नीति पर काम कर रही है। उन्होंने दावा किया कि आगरा नगर निगम द्वारा निजी बिजली कंपनी टोरेंट का 430 करोड़ रुपये का बकाया माफ किया गया है। इसके अलावा बड़े पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने और बदले में राजनीतिक फायदा लेने का आरोप भी लगाया।

उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ईडी, आयकर और सीबीआई जैसी एजेंसियों का इस्तेमाल कर दबाव बनाने और वसूली की राजनीति कर रही है।

भ्रष्टाचार के कई उदाहरण गिनाए

डॉ. सीपी राय ने आरोप लगाया कि प्रदेश में मिड-डे मील, सड़क निर्माण, अस्पतालों की दवाइयों और मनरेगा तक में भ्रष्टाचार फैला हुआ है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में विकास कार्यों और मंदिर चंदे के नाम पर भी बड़े स्तर पर अनियमितताएं हुई हैं।

उन्होंने हमीरपुर में बेतवा नदी पर निर्माणाधीन पुल गिरने की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि भ्रष्टाचार की वजह से 90 करोड़ रुपये की लागत वाला पुल आंधी का झोंका तक नहीं झेल सका, जिसमें छह श्रमिकों की मौत हो गई और कई लोग घायल हो गए।

भाजपा नेताओं की संपत्ति जांचने की चुनौती

डॉ. राय ने कहा कि कांग्रेस पार्टी सार्वजनिक जीवन में पारदर्शिता और शुचिता में विश्वास रखती है। उन्होंने कहा कि सरकार चाहे किसी भी एजेंसी से कांग्रेस नेताओं की जांच करा ले, लेकिन उन्हीं एजेंसियों से भाजपा सरकार के मंत्रियों, सांसदों और विधायकों की भी जांच कराई जानी चाहिए।

उन्होंने दावा किया कि अगर निष्पक्ष जांच हुई तो पिछले नौ वर्षों में प्रदेश में हुई कथित लूट और भ्रष्टाचार का पूरा सच सामने आ जाएगा।

 

Related posts